Saturday, October 17, 2026
BREAKING
• सीएम सुक्‍खू दिल्ली दरबार के क्‍यों लगा रहे बार-बार चक्कर: जयराम ठाकुर • कुंजुंम टनल बनाएगी सरकार, पहले होगा सर्वेः मुख्यमंत्री • केलांग में ICMR रिसर्च सेंटर का शिलान्यास, जयराम ठाकुर ने केंद्र के योगदान को सराहा • हिमाचल सरकार खिलाड़ियों के लिए आयोजित करेगी सम्मान समारोह • केंद्रीय विवि धर्मशाला में यूपीएससी और एचपीएससी परीक्षाओं के लिए निःशुल्क प्रशिक्षण 7 से • राज्यपाल ने महाराजा अग्रसेन के आदर्शों को अपनाने का आह्वान किया • सुक्खू सरकार की आपसी लड़ाई से हो रहा है प्रदेश का नुकसान: जयराम ठाकुर • न्याय का वास्तविक उद्देश्य समाज के कमजोर वर्गों तक न्याय सुनिश्चित करना: मुख्यमंत्री • हिमाचल मंत्रिमंडल ने खोला नौकरियों का पिटारा, 10962 पद भरेगी सुक्‍खू सरकार • एनआईटी हमीरपुर में शिक्षा महाकुंभ अभियान 6.0 को राज्‍यपाल ने किया संबोधित
 

धूमधाम से मना साईं करुणा धाम को स्थापना दिवस

एफ.आई.आर. लाइव डेस्क Updated on Sunday, April 09, 2023 18:57 PM IST
धूमधाम से मना साईं करुणा धाम को स्थापना दिवस

नोएडा, 9 अप्रैल। उत्तर प्रदेश के नोएडा में शनिवार को साईं करुणा धाम का 20वां स्थापना दिवस बड़ी धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम में लगभग 2000 भक्त सम्मलित हुए और देशभर के विभिन्न साईं ट्रस्टों के पदाधिकारियों ने भाग लिया।

कार्यक्रम की शुरुआत में गुरूजी को अंग वस्त्र एवं पगड़ी पहनाकर स्वागत किया गया। कार्यक्रम में शिरडी साईं से संबंधित और गुरूजी द्वारा लिखित भजनों पर नृत्य किया गया। शिरडी साई पब्लिक स्कूल मुरादाबाद के बच्चों, साईं संस्कार स्कूल नोएडा के बच्चों और साईं का आंगन गुरुग्राम के
बच्चों ने इन भजनों पर मनमोहक नृत्य से सभी का मन मोह लिया।

कार्यक्रम में भजन गायन के दौरान विजय मेहरोत्रा (सुरीला) और गुरुग्राम के बच्चों ने अपनी प्रस्तुति दी।

कार्यक्रम में प्रसिद्ध गायिका अंतरा चक्रवर्ती की सुरीली आवाज गाए भजनों सभी भक्त झूमने पर मजबूर हो गए।

गुरूजी ने सभी प्रतिभागियों को पुरस्कृत किया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण गुरूजी डॉ चंद्रभानु सतपथी का उद्बोधन था, जिसे सुनने के लिए साईं भक्त वर्षभर का इंतजार करते हैं। उन्होंने अपने उद्बोधन में मानवता के प्रति प्रेम, गरीब समुदाय को अच्छी चिकित्सा परामर्श एवं निःशुल्क दवाई उपलब्ध कराना, गरीब समुदाय के बच्चों को शिक्षित करना और गरीबों एवं अन्य वर्गों कोे भोजन उपलब्ध कराने पर जोर दिया। उन्होंने सभी भक्तों को इन्हीं कर्तव्यों के पालन के लिए प्रेरित किया। उन्होंने यह भी शिक्षा दी कि यदि कोई प्राणी गुस्सा एवं कटु भाषा का प्रयोग करता है तो भी उसके साथ विनम्रता से पेश आएं।

VIDEO POST

View All Videos
X